एमपी धमाका, विदिशा
वात्सल्य विद्यालय में आयोजित गणपति महोत्सव के चौथे दिन केन्द्रीय कृषि-किसान कल्याण एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान का आगमन हुआ। वात्सल्य कॉलेज के छात्रों द्वारा ढोल-नगाड़ों से अतिथि का स्वागत किया गया। विद्यालय की संचालक श्रीमती देवना अरोरा, राजकुमार अरोरा, श्रीमती नम्रता अरोरा, प्रतीक कोहली, श्रीमती रुचिरा अरोरा एवं संजय शर्मा ने मुख्य अतिथि को पुष्पगुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया।
इस अवसर पर उन्होंने गणपति जी की आराधना एवं आरती की। छात्रों की प्रस्तुतियों एवं उत्सव की भव्यता को देखकर केंद्रीय मंत्री ने छात्रों को उत्साहित करते हुए कहा कि कोई भी बच्चा स्वयं को कमजोर न समझे, ईश्वर ने सभी को एक-समान बुद्धि दी है, आप सभी खूब पढ़ें और लिखें। पढ़ने से पहले भगवान श्री गणेश का ध्यान करें क्योंकि भगवान श्री गणेश ही बुद्धि के प्रदाता हैं और सभी देवताओं में प्रथम पूज्य हैं। इसलिए हमें अपने कोई भी कार्य करने से पहले विघ्न विनाशक भगवान श्री गणेश का ध्यान करके उस कार्य को आरंभ करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम या आप हाड़-मांस का पुतला नहीं हैं बल्कि अमृत के पुत्र या पुत्री हैं हम सभी में ईश्वर का अंश है इसलिए हमें स्वयं को कभी-भी कमजोर नहीं समझना चाहिए, हमारी यह सोच होनी चाहिए कि हम सबसे शक्तिशाली हैं और हर कार्य करने की क्षमता हममें है। हम जैसा सोचेगे वैसा ही हम कर पायेंगे।
केंद्रीय मंत्री ने मंच पर खड़े होकर भगवान श्री गणपति जी से प्रार्थना की कि हे! भगवान हमारे भांजे-भांजियों को खूब बुद्धि दें, और अपने आशीर्वाद की खूब बर्षा इन पर करें जिससे ये खूब पढ़े और आगे बढ़े। श्री सिंह ने बच्चों को गले से लगाया एवं आशीर्वाद भी प्रदान किया। इस महोत्सव से प्रसन्न होकर अतिथि महोदय ने विद्यालय प्रबंधन की प्रशंसा करते हुए कहा कि वात्सल्य विदिशा का आदर्श स्कूल है जहां बच्चों को सनातन संस्कृति की भी शिक्षा मिल रही है। इस तरह के भव्य आयोजन से बच्चों को पढ़ने-लिखने के साथ-साथ अपने देश की संस्कृति व सनातन धर्म को समझने व सीखने का मौका मिलता है। जिससे उनका चहुंमुखी विकास होता है जिससे वह शारीरिक एवं मानसिक रुप से स्वस्थ वातावरण में अपना विकास करते हुए सफलता पा सकते हैं,
कार्यक्रम के अंत में संस्था प्रमुख देवना अरोरा, नम्रता अरोरा, प्रतीक कोहली, रुचिरा अरोरा व संजय शर्मा ने सभी अतिथिगणों के प्रति आभार मानते हुए धन्यवाद व्यक्त किया।