विदिशा, एमपी धमाका
कलेक्टर अंशुल गुप्ता ने सोमवार को आयोजित लंबित आवेदनों की समीक्षा बैठक में जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत जिले में किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में अभियान की प्रगति, विभागवार दायित्वों तथा जल संरक्षण से जुड़े कार्यों की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की गई।
कलेक्टर श्री गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले की सभी बावड़ियों की विशेष रूप से साफ-सफाई कराई जाए, ताकि पारंपरिक जल स्रोतों का संरक्षण सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि बावड़ियां हमारी सांस्कृतिक और जल संरचना की महत्वपूर्ण धरोहर हैं, जिनके संरक्षण के लिए गंभीरता से कार्य किया जाना आवश्यक है।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि प्रत्येक बावड़ी पर उसकी जानकारी से संबंधित सूचना बोर्ड लगाए जाएं, जिससे आमजन को उसके इतिहास, महत्व और उपयोगिता की जानकारी मिल सके। साथ ही स्थानीय स्तर पर जनभागीदारी बढ़ाने पर भी जोर दिया गया।
बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत किए जा रहे कार्यों की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। अधिकारियों ने तालाब गहरीकरण, जल स्रोतों के संरक्षण, साफ-सफाई और जल संरचनाओं के पुनर्जीवन से संबंधित गतिविधियों की जानकारी साझा की।
कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि अभियान के सभी कार्य समय-सीमा में पूर्ण किए जाएं तथा गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं बल्कि सामाजिक दायित्व भी है, इसलिए आमजन की सहभागिता सुनिश्चित की जाए।