विदिशा, एमपी धमाका
जहां एक ओर डॉक्टरों ने संतान होने की उम्मीद पूरी तरह खत्म बताते हुए दंपति को कभी माता-पिता न बन पाने का प्रमाण दे दिया था, वहीं दूसरी ओर आस्था और विश्वास ने ऐसा चमत्कार किया कि परिवार की सूनी गोद खुशियों से भर गई।
लोक निर्माण विभाग में कार्यपालन यंत्री के पद से रिटायर हुए बुंदेल सिंह ठाकुर के बेटे और बहू को डॉक्टरों ने साफ कह दिया था कि उन्हें संतान सुख प्राप्त नहीं हो सकेगा। लेकिन विदिशा से करीब 70 किलोमीटर दूर पठारी के पास स्थित सिद्ध बालाजी धाम बड़ोह सरकार में मिली आस्था ने इस परिवार की जिंदगी बदल दी।
बताया जा रहा है कि महंत 108 श्री विष्णु दास महाराज ने दरबार में निःसंतान दंपति को पुत्र प्राप्ति का आशीर्वाद दिया था। बालाजी सरकार की कृपा और आशीर्वाद से करीब डेढ़ महीने पहले परिवार में बेटे का जन्म हुआ, जिससे पूरे परिवार की खुशियों का ठिकाना नहीं रहा।
मनोकामना पूर्ण होने पर रिटायर्ड अधिकारी बुंदेल सिंह ठाकुर मंगलवार को सिद्ध बालाजी धाम पहुंचे और दरबार में भंडारा कराकर हाजिरी लगाई। दरबार में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की और बालाजी सरकार के जयकारे लगाए।
उल्लेखनीय है कि सिद्ध बालाजी धाम बड़ोह सरकार में हर मंगलवार को विशेष दरबार लगता है, जहां दूर-दूर से श्रद्धालु अपनी समस्याओं के समाधान और मनोकामना पूर्ति की आस लेकर पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं का मानना है कि बालाजी सरकार की कृपा से यहां हर प्रकार की बाधाएं दूर होती हैं।