विदिशा की रॉयल सिटी कॉलोनी में खंभे की लाइन बदलने का मामला, हादसे का बना खतरा
विदिशा, एमपी धमाका
शहर की रॉयल सिटी कॉलोनी में विद्युत लाइन बदलने के दौरान कर्मचारियों के काम करने के तरीके ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मौके से सामने आई तस्वीरों में कर्मचारी बगैर पर्याप्त सेफ्टी उपकरणों के विद्युत खंभे और तारों के बीच काम करते नजर आ रहे हैं।
तस्वीरों में एक कर्मचारी जमीन से रस्सी के सहारे काम करता दिखाई दे रहा है, जबकि दूसरी तस्वीर में कर्मचारी बड़ी संख्या में फैले विद्युत तारों के बीच खंभे पर चढ़कर कार्य करता नजर आ रहा है। ऐसे में जरा सी चूक गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।
कहां हैं सुरक्षा उपकरण?
विद्युत कार्य अत्यंत जोखिमपूर्ण माना जाता है। ऐसे कार्य के दौरान कर्मचारियों के लिए आवश्यक सुरक्षा उपकरण, सुरक्षित सीढ़ी/लिफ्टिंग व्यवस्था, हेलमेट, सेफ्टी बेल्ट, दस्ताने और अन्य निर्धारित सुरक्षा उपायों का पालन महत्वपूर्ण होता है। लेकिन रॉयल सिटी कॉलोनी में सामने आई तस्वीरें इन व्यवस्थाओं को लेकर सवाल खड़े कर रही हैं।
जिम्मेदार अधिकारियों की निगरानी पर भी सवाल
सबसे बड़ा सवाल यह है कि लाइन बदलने जैसे जोखिमपूर्ण कार्य के दौरान कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी किस अधिकारी की है? यदि कर्मचारी बिना पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था के काम कर रहे हैं तो संबंधित विद्युत अधिकारियों द्वारा मौके पर निगरानी क्यों नहीं की जा रही?
स्थानीय लोगों का कहना है कि विद्युत कंपनी को कर्मचारियों से काम लेने के साथ-साथ उनकी जान की सुरक्षा को भी प्राथमिकता देनी चाहिए। तस्वीरें सामने आने के बाद अब देखना होगा कि संबंधित अधिकारी मामले को गंभीरता से लेते हैं या नहीं और भविष्य में ऐसे कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित किया जाता है।
एमपी धमाका की पड़ताल में सामने आई तस्वीरें विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।